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Saturday, 4 June 2016

आँखें खुली हो या हो बंद - Aankhein Khuli Ho Ya Ho Band (Mohabbatein)

23:33
Movie/Album: मोहब्बतें (2000)
Music By: जतिन ललित
Lyrics By: आनंद बक्षी 
Performed By: उदित नारायण, शाहरुख़ खान, श्वेता पंडित, सोनाली भटवडेकर, पृथा मजुमदार, उद्भव, मनोहर शेट्टी, ईशान

एक लड़की थी दीवानी सी, एक लड़के पे वो मरती थी
नजरें झुका के, शर्मा के गलियों से गुजरती थी
चोरी-चोरी चुपके-चुपके चिठ्ठियाँ लिखा करती थी
कुछ कहना था शायद उसको, जाने किससे डरती थी
जब भी मिलती थी मुझसे, मुझसे पूछा करती थी
प्यार कैसे होता है? ये प्यार कैसे होता है?
और मैं सिर्फ यही कह पाता था

आँखें खुली हो या हो बंद
दीदार उनका होता है
कैसे कहूँ मैं ओ यारा
ये प्यार कैसे होता है

आज ही यारों किसी पे मर के देखेंगे हम
प्यार होता है ये कैसे कर के देखेंगे हम
किसी की यादों में खोए हुए, ख्वाबों को हमने सज़ा लिया
किसी की बाहों में सोए हुए, अपना उससे बना लिया
ऐ यार प्यार में कोई
ऐ यार प्यार में कोई ना जागता ना सोता है
कैसे कहूँ मैं ओ यारा ये प्यार कैसे होता है
आँखें खुली हो या हो बंद...

क्या है जादू है कोई, बस जो चल जाता है
तोड़ के पहरे हज़ारों, दिल निकल जाता है
दूर कहीं आसमानों पर होते हैं ये सारे फ़ैसले
कौन जाने कोई हमसफ़र कब कैसे कहाँ मिले
जो नाम दिल पे हो लिखा
जो नाम दिल पे हो लिखा, इकरार उससी से होता है
कैसे कहूँ मैं ओ यारा, ये प्यार कैसे होता है
आँखें खुली हो या हो बंद...

चलते चलते यूँ ही - Chalte Chalte Yun Hi (Mohabbatein)

23:32
Movie/Album: मोहब्बतें (2000)
Music By: जतिन ललित
Lyrics By: आनंद बक्षी 
Performed By: श्वेता पंडित, सोनाली भटवडेकर, पृथा मजुमदार, उद्भव, मनोहर शेट्टी, ईशान

चलते चलते यूँ ही रुक जाता हूँ मैं
बैठे बैठे कहीं खो जाता हूँ मैं
कहते कहते ही चुप हो जाता हूँ मैं
क्या यही प्यार है, क्या यही प्यार है
हाँ यही प्यार है, हाँ यही प्यार है

तुमपे मरते हैं क्यों, हम नहीं जानते
ऐसा करते हैं क्यों, हम नहीं जानते
बंद गलियों से छुप छुप के, हम गुज़रने लगे
सारी दुनिया से रह रह कर, हम तो डरने लगे
हाय ये क्या करने लगे
क्या यही प्यार है...

तेरी बातों में ये, इक शरारत सी है
मेरे होंठों पे ये, इक शिकायत सी है
तेरी आँखों को आँखों से, चूमने हम लगे
तुझको बाहों में ले लेकर, झूमने हम लगे
हाय ये क्या करने लगे
क्या यही प्यार है...

पैरों में बंधन है - Pairon Mein Bandhan Hai (Mohabbatein)

23:30
Movie/Album: मोहब्बतें (2000)
Music By: जतिन ललित
Lyrics By: आनंद बक्षी 
Performed By: श्वेता पंडित, सोनाली भटवडेकर, पृथा मजुमदार, उद्भव, मनोहर शेट्टी, ईशान

पैरों में बंधन है, पायल ने मचाया शोर
सब दरवाज़े कर लो बंद, देखो आए, आए चोर
तोड़ दे सारे बंधन तू, मचने दे पायल का शोर
दिल के सब दरवाज़े खोल, देखो आए, आए चोर.
पैरों में बंधन है...

कहूँ में क्या, करूँ में क्या, शरम आ जाती है
ना यूँ तड़पा कि मेरी जां, निकलती जाती है
तू आशिक़ है, मेरा सच्चा, यकीं तो आने दे
तेरे दिल में अगर शक़ है, तो बस फिर जाने दे
इतनी जल्दी लाज का, घूँघट ना खोलूँगी
सोचूँगी फिर सोच के, कल परसों बोलूँगी
तू आज भी हाँ ना बोली, ओये कुड़िये
तेरी डोली ले ना जाए, कोई और
पैरों में बंधन है...

जिन्हें मिलना, है कुछ भी हो, अजी मिल जाते हैं
दिलों के फूल, तो पतझड़ में भी खिल जाते हैं
ज़माना दोस्तों, दिल को, दीवाना कहता है
दीवाना दिल, ज़माने को, दीवाना कहता है
ले में सैयाँ आ गयी, सारी दुनिया छोड़ के
तेरा बंधन बाँध लिए, सारे बंधन तोड़ के
एक दूजे से जुड़ जाएँ, आ हम दोनों उड़ जाएँ
जैसे संग पतंग और डोर
पैरों में बंधन है...