Wednesday, 8 June 2016

रिमझिम रिमझिम रुमझुम रुमझुम - Rimjhim Rimjhim Rumjhum Rumjhum (Kumar, Kavita)

Movie/Album: 1942 अ लव स्टोरी (1993)
Music By: आर. डी. बर्मन
Lyrics By: जावेद अख्तर
Performed By: कुमार सानु, कविता कृष्णमूर्ति

रिमझिम रिमझिम, रुमझूम रुमझूम
भीगी भीगी रुत में, तुम हम, हम तुम
चलते हैं, चलते हैं
बजता है जलतरंग, टीन की छत पे जब
मोतियों जैसा जल बरसे
बूंदो की ये झड़ी, लाई है वो घड़ी
जिसके लिए हम तरसे

बादल की चादरे, ओढ़े हैं वादियाँ, सारी दिशाएँ सोयी हैं
सपनों के गाँव में, भीगी सी छाँव में, दो आत्माएँ खोई हैं
रिमझिम रिमझिम...

आयी है देखने, झीलों के आईने, बालों को खोले घटाएं
राहे धुआँ-धुआँ, जायेंगे हम कहाँ, आओ यहीं रह जाएँ
रिमझिम रिमझिम...
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